वाणी
मैं कितना अच्छा सुनता हूँ
सुनना चुप रहना नहीं है। बात इसकी है कि दूसरा बोलता है तब आप क्या करते हैं।
परिणाम में क्या दिखेगा
- ध्यान कोई बोल रहा हो तो आपका ध्यान कहाँ होता है
- स्पष्ट करना खुद अनुमान लगाने की बजाय दोबारा पूछना
- धैर्य बात स्पष्ट लगने पर भी बोलने देना
- सलाह रोकना सलाह देने से पहले पूछना कि चाहिए या नहीं
- याद रखना कही गई बात आपके साथ रहती है या नहीं
शुरू करें पहला कथन तुरंत खुलेगा — न साइन-इन, न ईमेल।